UP वोटर लिस्ट: 13.25 करोड़ के पार पहुंच सकता है आंकड़ा, 10 अप्रैल को आएगी अंतिम सूची

Lucknow Focus News Desk: उत्तर प्रदेश में लोकतंत्र के सबसे बड़े आधार ‘मतदाता सूची’ को अंतिम रूप देने की प्रक्रिया तेज हो गई है। विशेष प्रगाढ़ पुनरीक्षण (SIR) के तहत शुक्रवार को नोटिस पाने वाले 3.26 करोड़ मतदाताओं की सुनवाई का काम शत-प्रतिशत पूरा कर लिया गया है। मुख्य निर्वाचन अधिकारी कार्यालय के अनुसार, 10 अप्रैल को जारी होने वाली फाइनल लिस्ट में मतदाताओं की संख्या 13.25 करोड़ से अधिक होने की प्रबल संभावना है।
दस्तावेज सत्यापन और तार्किक विसंगतियों का समाधान
इस बार निर्वाचन आयोग ने तकनीक और डोर-टू-डोर वेरिफिकेशन के जरिए सूची को त्रुटिहीन बनाने पर जोर दिया है। अक्टूबर-2025 में फ्रीज की गई सूची में 12.55 करोड़ नाम शामिल थे।
लगभग 1.04 करोड़ मतदाता ऐसे थे, जिनका रिकॉर्ड वर्ष 2003 की सूची से मेल नहीं खा रहा था। इनके परिवार के सदस्यों (माता-पिता, दादा-दादी) के दस्तावेजों के सत्यापन के बाद अधिकांश नामों को बरकरार रखा गया है। करीब 2.22 करोड़ ऐसे मामले थे जहां माता-पिता और बच्चों की उम्र में 15 साल से कम का अंतर दिख रहा था। बीएलओ (BLO) ने घर-घर जाकर इन तार्किक त्रुटियों को सुधारा है।
97 प्रतिशत नाम बने रहने की उम्मीद
सुनवाई प्रक्रिया के बाद यह साफ हो गया है कि नाम कटने की दर बेहद कम रहेगी। आंकड़ों के अनुसार नाम जुड़वाने के लिए रिकॉर्ड 86.69 लाख लोगों ने आवेदन किया है। नाम कटवाने के लिए केवल 3.18 लाख फॉर्म भरे गए हैं। आयोग का अनुमान है कि लगभग 97 प्रतिशत से अधिक पुराने नाम सूची में सुरक्षित रहेंगे।
10 अप्रैल का इंतजार: ‘डिजिटल’ होगी फाइनल लिस्ट
मुख्य निर्वाचन अधिकारी कार्यालय अब अंतिम डाटा प्रोसेसिंग में जुटा है। 10 अप्रैल को सूची सार्वजनिक होने के बाद मतदाता ऑनलाइन पोर्टल और ऐप के जरिए अपना नाम चेक कर सकेंगे। चुनाव आयोग का मानना है कि इस बार की सूची अब तक की सबसे सटीक और पारदर्शी होगी, जिसमें फर्जी या दोहरे मतदाताओं की गुंजाइश न के बराबर है।




