बदलेगा लखनऊ का पावर सेंटर: सहारा शहर की 245 एकड़ जमीन पर बनेगा नया विधानभवन

Lucknow Focus News Desk: उत्तर प्रदेश की राजधानी का सत्ता केंद्र अब हजरतगंज से शिफ्ट होकर गोमतीनगर की ओर बढ़ने वाला है। लखनऊ के गोमतीनगर स्थित सहारा शहर की जमीन पर नया और भव्य विधानभवन बनाने की कवायद तेज हो गई है। शासन से हरी झंडी मिलने के बाद लखनऊ विकास प्राधिकरण (LDA) ने कंसल्टेंट नियुक्त करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है।
245 एकड़ का विशाल परिसर
नए विधानभवन के लिए जमीन की तलाश पिछले कई वर्षों से जारी थी, जो अब सहारा शहर पर जाकर पूरी हुई है। एलडीए ने अपने हिस्से की 75 एकड़ और नगर निगम ने लीज निरस्त कर अपने हिस्से की 170 एकड़ जमीन पर कब्जा लिया है। इस प्रकार कुल 245 एकड़ का बड़ा भूखंड सरकार के पास उपलब्ध है। एलडीए उपाध्यक्ष प्रथमेश कुमार के अनुसार, जमीन की पैमाइश रिपोर्ट शासन को भेजी जा चुकी है। अब कंसल्टेंट के जरिए इसकी डिजाइन और डीपीआर (DPR) तैयार कराई जाएगी।
क्यों पड़ी नए विधानभवन की जरूरत?
वर्तमान विधानभवन (हजरतगंज) क्षेत्र में कई चुनौतियां थीं, जिनसे नए परिसर के बनने के बाद निजात मिलेगी। वीआईपी मूवमेंट के दौरान हजरतगंज और लालबाग क्षेत्र में ट्रैफिक रोकना पड़ता है, जिससे स्कूल और अस्पताल जाने वालों को परेशानी होती है। नया परिसर गोमतीनगर में होने से हजरतगंज का दबाव कम होगा।
वर्तमान परिसर में पार्किंग की भारी कमी है। 245 एकड़ के नए परिसर में आधुनिक पार्किंग सुविधाएं होंगी। सत्ता केंद्र शिफ्ट होने के बाद हजरतगंज को एक विशुद्ध पर्यटक स्थल के रूप में विकसित करना आसान होगा, जो अभी सुरक्षा कारणों से बाधित रहता है।
सत्ता का नया केंद्र
जानकारों का मानना है कि गोमतीनगर का यह इलाका लोकेशन और आवागमन की दृष्टि से सबसे उपयुक्त है। नए विधानभवन के निर्माण के साथ ही आसपास के क्षेत्रों में भी बुनियादी ढांचे का विकास तेजी से होगा, जिससे लखनऊ की सूरत पूरी तरह बदल जाएगी।




