जापान में बोले CM योगी: UP में निवेश सुरक्षित और भरपूर अवसर, जापानी कंपनियों को मेडिकल डिवाइस पार्क का न्योता

Lucknow Focus News Desk: उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ अपने दो दिवसीय आधिकारिक दौरे पर जापान की राजधानी टोक्यो पहुंच चुके हैं। एयरपोर्ट पर हुए भव्य स्वागत के बाद मुख्यमंत्री ने जापान की दिग्गज कंपनियों के साथ उच्च स्तरीय बैठकें कीं। उन्होंने जापानी निवेशकों को भरोसा दिलाया कि उत्तर प्रदेश में उनका निवेश न केवल सुरक्षित है, बल्कि राज्य की 56% युवा आबादी (वर्किंग फोर्स) उनके उद्योगों को नई ऊंचाइयां देने के लिए तैयार है।
प्रमुख निवेश बैठकों के मुख्य बिंदु
सीएम योगी ने Mitsui & Co. के साथ कंपनी प्रबंधन के साथ रिन्यूएबल एनर्जी, सेमीकंडक्टर, डेटा सेंटर और ICT (सूचना एवं संचार प्रौद्योगिकी) जैसे भविष्य के क्षेत्रों में निवेश पर चर्चा की। उन्होंने ‘ग्रोथ और इनोवेशन’ के लिए यूपी को ग्लोबल पार्टनर बनाने का प्रस्ताव रखा।
Konoike Transport Co. Ltd. से मुलाकात
कंपनी के वरिष्ठ कार्यकारी अधिकारी शिगेकी तानाबे के साथ लॉजिस्टिक्स पार्क, वेयरहाउसिंग और मल्टीमॉडल ट्रांसपोर्ट पर विस्तृत बातचीत हुई। सीएम योगी ने कंपनी को उत्तर प्रदेश के मेडिकल डिवाइस पार्क में मैन्युफैक्चरिंग यूनिट लगाने के लिए आमंत्रित किया।
यूपी की ताकत: “सुरक्षा, स्केल और स्किल”
मुख्यमंत्री ने जापानी उद्योगपतियों के सामने उत्तर प्रदेश की मजबूती के तीन स्तंभ रखे। उन्होंने कहा कि राज्य में निवेश के लिए एक पूरी तरह सुरक्षित और भयमुक्त वातावरण है। यूपी के पास बड़ा भौगोलिक स्केल है और यहां की विशाल युवा आबादी को ‘स्किल’ (कौशल) में बदलने की पूरी क्षमता है। सीएम ने रेखांकित किया कि यूपी में हर सेक्टर के लिए सस्ता और कुशल कार्यबल उपलब्ध है।
सीएम योगी ने अपनी यात्रा की शुरुआत एक मार्मिक संदेश के साथ की: “उगते सूरज की नवोन्मेषी भूमि को प्रभु श्री राम की पावन धरा के ‘आदित्य’ का नमस्कार।” उन्होंने भारत और जापान के संबंधों को सांस्कृतिक और आर्थिक मजबूती का प्रतीक बताया।
अगले कदम और लक्ष्य
JETRO के साथ बैठक: व्यापारिक साझेदारी बढ़ाने के लिए मुख्यमंत्री जापान एक्सटर्नल ट्रेड ऑर्गनाइजेशन (JETRO) के चेयरमैन इशिगुरो नोरिहिको से भी मुलाकात करेंगे।
इससे पहले अपनी सिंगापुर यात्रा के दौरान सीएम योगी का प्रतिनिधिमंडल करीब ₹6,000 करोड़ के निवेश प्रस्ताव जुटाने में सफल रहा है। उम्मीद है कि जापान यात्रा से इससे भी बड़े समझौते होंगे।




