नशा युवा पीढ़ी और ‘विकसित भारत 2047’ की राह में बड़ी बाधा: डॉ. अब्दुल कुद्दूस हाशमी

Lucknow Focus News Desk: मौलाना आज़ाद मेमोरियल अकादमी, लखनऊ और स्टेट तकमील-उत-तिब कॉलेज एंड हॉस्पिटल के संयुक्त तत्वावधान में प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी की अपील पर “नशा मुक्ति युवा फॉर विकसित भारत संकल्प अभियान” चलाया जा रहा है। इस 100 सप्ताह के राष्ट्रव्यापी जागरूकता अभियान के क्रम में मौलाना आज़ाद लाइब्रेरी हॉल में छात्र-छात्राओं के बीच एक भव्य पेंटिंग एवं ड्राइंग प्रतियोगिता आयोजित की गई, जहाँ विद्यार्थियों ने अपनी चित्रकारी के माध्यम से नशामुक्त समाज का प्रभावी संदेश दिया।
मंजू वर्मा का शराब लाइसेंस नीति पर सवाल
कार्यक्रम की मुख्य अतिथि श्रीमती मंजू वर्मा ने कहा कि नशा मुक्ति अभियान को सफल बनाने के लिए केवल नारे काफी नहीं हैं, बल्कि सरकार, शिक्षण संस्थानों और समाज को मिलकर ठोस प्रयास करने होंगे। उन्होंने कहा कि सरकार को शराब की लाइसेंस नीति पर भी गंभीरता से विचार करना चाहिए, क्योंकि नशे की लत से सबसे अधिक महिलाएं और बच्चे प्रभावित होते हैं।
चिकित्सकीय और सामाजिक दृष्टिकोण
डॉ. मनीराम का विचार: उन्होंने बताया कि नशा एक गंभीर चिकित्सकीय समस्या है, जो व्यक्ति को शारीरिक और मानसिक बीमारियों का शिकार बनाती है। नशे से प्रभावित लोगों के लिए समय पर उपचार, काउंसलिंग और पुनर्वास की सुविधाएं उपलब्ध कराना अत्यंत आवश्यक है।
डॉ. अब्दुल कुद्दूस हाशमी का संबोधन: उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जागरूकता अभियान की सराहना करते हुए कहा कि नशा केवल किसी व्यक्ति या परिवार तक सीमित नहीं है, बल्कि यह देश के विकास से जुड़ा अत्यंत संवेदनशील विषय है।
नशे से जुड़े चिंताजनक राष्ट्रीय आंकड़े
डॉ. हाशमी ने सरकारी राष्ट्रीय सर्वेक्षण के आंकड़ों का हवाला देते हुए बताया कि देश में लगभग 16 करोड़ लोग शराब का सेवन करते हैं। लगभग 3.1 करोड़ लोग भांग-चरस का सेवन करते हैं। लगभग 2.26 करोड़ लोग अफीम तथा उससे संबंधित नशीले पदार्थों का सेवन करते हैं।
उन्होंने आगाह किया कि नशा युवाओं के स्वास्थ्य, शिक्षा और कार्यक्षमता को बुरी तरह प्रभावित कर रहा है, जो वर्ष 2047 तक ‘विकसित भारत’ के निर्माण में एक बड़ी बाधा बन सकता है। यदि केंद्र व राज्य सरकारें, शिक्षण संस्थान और सामाजिक संगठन मिलकर निरंतर प्रयास करें, तो इसके स्थायी परिणाम प्राप्त किए जा सकते हैं।
छात्राओं का रचनात्मक संदेश
कार्यक्रम के दौरान छात्र नूर हसन और मुजाहिद हसन सहित अन्य विद्यार्थियों ने अपनी कला के माध्यम से “नशे से दूरी, जीवन से जुड़ाव” तथा “स्वस्थ युवा, मजबूत भारत” जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर पेंटिंग बनाकर अपनी आवाज बुलंद की।




