हेल्थ एंड वेलनेस

नाक से खून आना सिर्फ गर्मी नहीं, हो सकता है ‘हाई बीपी’ का लक्षण

Lucknow Focus News Desk: गर्मियों में नाक से खून आना एक आम बात मानी जाती है, जिसे अक्सर लोग नजरअंदाज कर देते हैं। लेकिन अगर यह समस्या बार-बार हो रही है, तो यह किसी गंभीर बीमारी का संकेत हो सकता है, खासकर हाई ब्लड प्रेशर का। डॉक्टर्स का कहना है कि नाक से खून आना कई बार इस ‘साइलेंट किलर’ बीमारी का पहला लक्षण हो सकता है।

क्या है हाई बीपी और नाक से खून का संबंध?

हमारी नाक के अंदर बहुत बारीक नसें होती हैं, जिन्हें कैपिलरीज़ कहा जाता है। जब ब्लड प्रेशर बहुत ज्यादा बढ़ जाता है, खासकर जब यह 160/100 mmHg से ऊपर चला जाए, तो ये नाजुक नसें दबाव को झेल नहीं पातीं और फट जाती हैं, जिससे नाक से खून आने लगता है। मेडिकल भाषा में इस स्थिति को एपिस्टैक्सिस कहते हैं। कई बार जिन लोगों को पहले से हाई बीपी का पता नहीं होता, उनके लिए बार-बार नाक से खून आना एक चेतावनी का संकेत हो सकता है।

कब हो जाएं सतर्क?

अगर नाक से खून आने के साथ-साथ आपको ये लक्षण भी महसूस हों, तो तुरंत डॉक्टर से संपर्क करना चाहिए:

  • चक्कर आना
  • तेज सिरदर्द
  • थकान या कमजोरी
  • धुंधला दिखाई देना
  • सांस फूलना

अगर खून 20 मिनट से ज्यादा न रुके, या बेहोशी और सीने में दर्द जैसी गंभीर शिकायतें हों, तो यह एक आपातकालीन स्थिति हो सकती है, जो स्ट्रोक या हार्ट अटैक का लक्षण भी हो सकता है। ऐसे में बिना देर किए अस्पताल जाना चाहिए।

बचाव के लिए क्या करें?

  • सबसे पहले घबराएँ नहीं। व्यक्ति को सीधा बैठाकर सिर को हल्का आगे झुकाएं, ताकि खून गले में न जाए।
  • नाक के नरम हिस्से को 5-10 मिनट तक हल्के से दबाएँ।
  • माथे पर ठंडी पट्टी या बर्फ रखने से भी खून रुक सकता है।
  • नियमित रूप से बीपी की जाँच कराएँ।
  • नमक का सेवन कम करें, तनाव से दूर रहें और रोजाना व्यायाम करें।
  • शरीर में पानी की कमी न होने दें और नाक में नारियल तेल या घी लगाने से भी सूखापन कम हो सकता है।

Also Read: फाइलेरिया उन्मूलन पर केंद्रीय टीम का दौरा: कानपुर-फतेहपुर में अभियान का जायजा, दिए अहम सुझाव

Related Articles

Back to top button