लद्दाख में वित्तीय शक्तियां छीनी गईं: गृह मंत्रालय ने एलजी और प्रशासनिक सचिवों के कई अधिकार लिए वापस

Lucknow Focus News Desk: केंद्रीय गृह मंत्रालय (MHA) ने लद्दाख में विकास परियोजनाओं को लेकर एक बड़ा प्रशासनिक फैसला लिया है। लद्दाख के लेफ्टिनेंट गवर्नर (LG) और विभिन्न प्रशासनिक सचिवों की मौजूदा डेलीगेटेड वित्तीय शक्तियों को वापस ले लिया गया है, जिसका इस्तेमाल अब सीधे केंद्रीय गृह मंत्रालय करेगा। यह कदम लद्दाख में प्रशासनिक और वित्तीय नियंत्रण को केंद्रीकृत करने की ओर इशारा करता है। एलजी कविंदर गुप्ता ने केंद्रीय गृह मंत्रालय के निर्देशों के आधार पर इस संबंध में एक आदेश जारी किया है।
वापस ली गई प्रमुख वित्तीय शक्तियां
नई गाइडलाइंस के तहत, विकास परियोजनाओं की मंजूरी देने की शक्तियों में भारी कटौती की गई है:
| अधिकारी का पद | पुरानी अधिकतम मंजूरी सीमा | नई मंजूरी प्राधिकारी |
| लेफ्टिनेंट गवर्नर (LG) | ₹100 करोड़ तक (स्कीम/प्रोजेक्ट) | केंद्रीय गृह मंत्रालय (MHA) |
| प्रशासनिक सचिव | ₹20 करोड़ तक (स्कीम/प्रोजेक्ट) | केंद्रीय गृह मंत्रालय (MHA) |
| डिपार्टमेंट हेड/डिप्टी कमिश्नर | ₹5 करोड़ तक (अलग-अलग काम) | केंद्रीय गृह मंत्रालय (MHA) |
| चीफ इंजीनियर | ₹10 करोड़ तक (अलग-अलग काम) | केंद्रीय गृह मंत्रालय (MHA) |
| सुपरिंटेंडिंग इंजीनियर | ₹3 करोड़ तक (अलग-अलग काम) | केंद्रीय गृह मंत्रालय (MHA) |
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पीपीपी मोड: पब्लिक प्राइवेट पार्टनरशिप (PPP) मोड के तहत ₹100 करोड़ तक की स्कीम/प्रोजेक्ट्स की मंजूरी भी अब एलजी के बजाय गृह मंत्रालय देगा।
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वास्तविक गतिरोध: डिप्टी कमिश्नर और हेड ऑफ डिपार्टमेंट लेह और कारगिल हिल डेवलपमेंट काउंसिल के मुख्य कार्यकारी अधिकारी (CEO) के रूप में भी कार्य करते हैं। उनकी शक्तियों को वापस लेने से ये अधिकारी प्रभावी रूप से काम नहीं कर पा रहे हैं।
हिल काउंसिल की स्थिति
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लेह काउंसिल: चुनाव में देरी के कारण लेह हिल काउंसिल का पांच साल का कार्यकाल समाप्त हो चुका है, और इसकी शक्तियाँ डिप्टी कमिश्नर लेह को दी गई हैं, जिनकी वित्तीय शक्तियां अब MHA के पास चली गई हैं।
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कारगिल काउंसिल: कारगिल हिल काउंसिल अभी भी बनी हुई है।
नए प्रस्तावों के लिए निर्देश: आदेश में कहा गया है कि सभी नए प्रस्ताव, जिनमें प्रशासनिक अप्रूवल और खर्च की मंजूरी शामिल है, आवश्यक अनुमोदन के लिए प्लानिंग डेवलपमेंट एंड मॉनिटरिंग डिपार्टमेंट, लद्दाख के माध्यम से MHA को प्रस्तुत किए जाएंगे।
LG के पास बरकरार शक्तियां
हालांकि, LG लद्दाख के पास बजटीय सीमा के भीतर आकस्मिक और विविध खर्च (Contingent and Miscellaneous Expenses) करने की पूरी शक्ति होगी, बशर्ते यह जनरल फ़ाइनेंशियल रूल्स के अनुरूप हो।