जयपुर में करणी सेना की रैली में भारी बवाल, बैरिकेड तोड़े, पुलिस का लाठीचार्ज और वाटर कैनन का इस्तेमाल

Lucknow Focus News Desk: विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (UGC) के प्रस्तावित नियमों के विरोध में सोमवार को जयपुर की सड़कों पर उस समय भारी हंगामा मच गया, जब ‘श्री राष्ट्रीय राजपूत करणी सेना’ की रैली के दौरान प्रदर्शनकारी और पुलिस आमने-सामने आ गए। हालात पर काबू पाने के लिए पुलिस को प्रदर्शनकारियों पर लाठीचार्ज करना पड़ा और वाटर कैनन (पानी की बौछार) का इस्तेमाल कर भीड़ को खदेड़ना पड़ा। इस झड़प में कुछ प्रदर्शनकारियों के घायल होने की खबर है।
कलेक्ट्रेट सर्किल पर बढ़ी तनातनी
यह यात्रा बीकानेर के देशनोक स्थित करणी माता मंदिर से शुरू होकर रविवार रात जयपुर पहुंची थी। सोमवार को संगठन के राष्ट्रीय अध्यक्ष महिपाल सिंह मकराना के नेतृत्व में रैली कालवाड़ रोड स्थित रावण गेट से शुरू होकर कलेक्ट्रेट सर्किल तक पहुंची। यहाँ जिला कलेक्टर के माध्यम से राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन सौंपा जाना था। संगठन का आरोप है कि पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को अंदर जाने से रोक दिया, जिसके बाद हंगामा शुरू हो गया।
भाजपा कार्यालय की ओर कूच और झड़प
बैरिकेडिंग तोड़ी: कलेक्ट्रेट के बाद प्रदर्शनकारी भाजपा प्रदेश कार्यालय की ओर बढ़ने लगे। पुलिस ने खासाकोठी पुलिया के पास बैरिकेडिंग कर उन्हें रोकने का प्रयास किया, लेकिन प्रदर्शनकारियों ने बैरिकेड हटाकर आगे बढ़ने की कोशिश की।
पुलिस से झूमाझटकी: चौमूं पुलिया और कलेक्ट्रेट क्षेत्र में दोनों पक्षों के बीच तीखी धक्का-मुक्की हुई। कुछ प्रदर्शनकारी सुरक्षाकर्मियों से उलझते हुए पुलिस के वाटर कैनन वाहन तक पहुंच गए।
सुरक्षा बल तैनात: स्थिति तनावपूर्ण होते देख पुलिस ने लाठीचार्ज किया। मौके पर भारी संख्या में पुलिस बल और एसटीएफ (STF) के जवानों को तैनात किया गया।
मानवता की मिसाल: इस भारी हंगामे और जाम के बीच जब रैली में एक एंबुलेंस फंस गई, तो प्रदर्शनकारियों ने संवेदनशीलता दिखाते हुए तुरंत रास्ता बनाया और एंबुलेंस को आगे जाने दिया।
घटना के कुछ समय बाद पुलिस ने मुस्तैदी दिखाते हुए स्थिति को पूरी तरह नियंत्रित किया और सड़कों पर यातायात (Traffic) को सुचारू रूप से बहाल कराया।




