हेल्थ एंड वेलनेस

स्वाद का साथी या ‘सफेद जहर’? ज्यादा सेवन से बन सकता है गंभीर बीमारियों की वजह

Lucknow Focus News Desk: रसोई की सबसे आम चीजों में से एक नमक, जिसका स्वाद हमें हर खाने में चाहिए होता है, अब ‘सफेद ज़हर’ के रूप में भी पहचाना जाने लगा है। कभी जो नमक शरीर को ऊर्जा देने, नर्व सिस्टम को एक्टिव रखने, और मांसपेशियों की गति सही रखने में मददगार माना जाता था, आज वही नमक अगर जरूरत से ज्यादा खा लिया जाए, तो यह दिल, किडनी और दिमाग तक पर हमला कर सकता है।

नमक क्यों है जरूरी?

शरीर के सोडियम बैलेंस को बनाए रखने में मदद करता है

डिहाइड्रेशन से बचाता है

नर्व्स को सिग्नल भेजने में सक्षम बनाता है

मांसपेशियों की गति, दिल की धड़कन, और थायरॉइड के फंक्शन को नियंत्रित करता है

पाचन क्रिया में मदद करता है

आयोडाइज्ड नमक, काला नमक, और सेंधा नमक — ये सभी शरीर को संतुलित रखने में अहम भूमिका निभाते हैं।

फिर यह ‘सफेद ज़हर’ कब और कैसे बन जाता है?

समस्या नमक में नहीं, बल्कि उसके ज़रूरत से ज़्यादा इस्तेमाल में है। लोग न सिर्फ पके खाने में नमक डालते हैं, बल्कि ऊपर से भी छिड़कते हैं। साथ ही चिप्स, बिस्किट्स, सॉल्टी स्नैक्स आदि में भी छुपा नमक साइलेंट किलर की तरह काम करता है।

ICMR और WHO की चेतावनी

  • WHO: एक हेल्दी इंसान को रोजाना 5 ग्राम (एक चम्मच) नमक ही खाना चाहिए
  • ICMR: भारत में ज्यादातर लोग इससे दोगुना नमक खा रहे हैं, जो हाइपरटेंशन और हार्ट अटैक जैसी बीमारियों की वजह बन सकता है
  • आपके नमक में हार्ट अटैक है- यह वाक्य आज सोशल मीडिया पर ट्रेंड कर रहा है

ज्यादा नमक के सेवन से सेहत पर असर

  1. असर                                                  विवरण
  2. हाई ब्लड प्रेशर     –       सोडियम की अधिकता से ब्लड प्रेशर अनियंत्रित
  3. हार्ट बीट इर्रेग्युलर  –        दिल की धड़कन असामान्य हो सकती है
  4. माइग्रेन                 –      सिरदर्द और तनाव की बढ़ती समस्या
  5. मांसपेशियों में ऐंठन  –            सोडियम-पोटैशियम असंतुलन से दर्द
  6. थकान- कमज़ोरी       –             शरीर सुस्त महसूस करता है
  7. किडनी डैमेज              –  अधिक सोडियम से किडनी पर दबाव बढ़ता है
  • 30 की उम्र के बाद रखें विशेष ध्यान
  • महीने में 1 बार बीपी चेक कराएं
  • हर 3 महीने में ब्लड शुगर टेस्ट
  • 6 महीने में कोलेस्ट्रॉल टेस्ट
  • साल में 1 बार आंखों की जांच
  • सालाना फुल बॉडी चेकअप कराना जरूरी
  • 30 की उम्र के बाद डाइट में बदलाव ज़रूरी
  • पानी की मात्रा बढ़ाएं
  • नमक और चीनी की मात्रा कम करें
  • फाइबर और साबुत अनाज का सेवन बढ़ाएं
  • नट्स और प्रोटीन युक्त चीजें जरूर खाएं
  • कैल्शियम संतुलन बनाए रखें – न ज्यादा, न कम

बैलेंस बिगड़ने से क्या हो सकता है?

समस्या कारण

हाइपरकेलेमिया (ज्यादा कैल्शियम) हार्ट अटैक का खतरा बढ़ता है

हाइपोकेलेमिया (कम कैल्शियम)      लकवा, कमजोरी, किडनी डैमेज

बचें इन 5 ‘S’ से

Stress, Smoking, Salt, Sugar और Sedentary Lifestyle

यानी तनाव, धूम्रपान, नमक, चीनी और बैठे रहने की आदत आपकी सेहत के सबसे बड़े दुश्मन हैं।

थाली में छिपे ‘सफेद ज़हर’ कौन-कौन?

सफेद चीनी

सफेद नमक

सफेद चावल

मैदा

इनका ज़रूरत से ज्यादा सेवन आपके शरीर को बीमारियों की खान बना सकता है।

सफेद आटे (मैदा) से क्या नुकसान?

दिक्कत असर

मोटापा इंसुलिन अधिक बनता है, भूख बार-बार लगती है

इनडायजेशन        –  पाचन तंत्र पर दबाव

लिवर और आंतों पर असर-    फैट जमा होता है, सूजन आती है

डायबिटीज का खतरा –        ब्लड शुगर तेजी से बढ़ता है

क्या करें?

अपने खाने में नमक को संतुलित करें

पैकेज्ड स्नैक्स, जंक फूड और प्रोसेस्ड चीज़ों से बचें

नियमित योग और व्यायाम को अपनाएं

पानी भरपूर पिएं, स्ट्रेस कम करें

सबसे जरूरी- थोड़ा सोचकर खाएं, ताकि आगे पछताना न पड़े।

Also Read: दिल की सेहत के लिए फायदेमंद है खजूर, हाई कोलेस्ट्रॉल और ब्लड प्रेशर को भी कर सकता है कंट्रोल

Related Articles

Back to top button