मुरैना में बड़ा रेल हादसा; ट्रेन में आग की अफवाह सुन ट्रैक पर कूदे यात्री, दूसरी दिशा से आई ‘पातालकोट एक्सप्रेस’ ने कुचला, 6 की मौत

Lucknow Focus News Desk: मध्य प्रदेश के मुरैना जिले से रविवार शाम एक दर्दनाक रेल हादसे की खबर सामने आई है। हेतमपुर और घेर रेलवे स्टेशनों के बीच उदयपुर इंटरसिटी एक्सप्रेस में अचानक ‘आग लगने की अफवाह’ फैलने के बाद मची अफरातफरी ने छह मासूम जिंदगियों को लील लिया।
ट्रेन में आग की खबर से घबराए यात्री जान बचाने के लिए नीचे रेलवे ट्रैक पर कूद गए, लेकिन उन्हें क्या पता था कि सामने से मौत आ रही है। उसी वक्त मुख्य ट्रैक पर तेज रफ्तार से आ रही पातालकोट एक्सप्रेस की चपेट में आने से तीन महिलाओं और एक मासूम बच्चे समेत कुल छह यात्रियों की मौके पर ही मौत हो गई। इस हादसे में कई अन्य यात्री गंभीर रूप से घायल भी हुए हैं।
एक अफवाह और बोगी में मच गई चीख-पुकार
प्राप्त प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, उदयपुर इंटरसिटी एक्सप्रेस (Udaipur Intercity Express) ग्वालियर से मुरैना की ओर अपनी सामान्य गति से जा रही थी। ट्रेन जैसे ही हेतमपुर और घेर रेलवे स्टेशन के बीच पहुंची, तभी किसी अज्ञात यात्री ने बोगी के भीतर आग लगने की बात कह दी।
इस एक अफवाह ने पूरी बोगी के भीतर बैठे यात्रियों में खौफ पैदा कर दिया। अपनी जान बचाने के लिए यात्रियों के बीच डिब्बे के अंदर ही चीख-पुकार और भगदड़ मच गई। घबराए हुए यात्रियों ने आव देखा न ताव और तुरंत आपातकालीन चेन (Chain Pulling) खींचकर ट्रेन को बीच रास्ते में ही रोक दिया।
चेन पुलिंग कर नीचे उतरे और पातालकोट एक्सप्रेस की चपेट में आए
ट्रेन के रुकते ही जान बचाने की होड़ में कई यात्री डिब्बों के दरवाजे खोलकर सीधे रेलवे ट्रैक पर कूद गए और बगल वाली रेल पटरी पर खड़े हो गए। इसी दौरान, विपरीत दिशा यानी धौलपुर की ओर से आ रही पातालकोट एक्सप्रेस (Patalkot Express) बेहद तेज रफ्तार में वहां से गुजरी।
ट्रैक पर खड़े यात्रियों को संभलने का मौका तक नहीं मिला और कई लोग पातालकोट एक्सप्रेस की चपेट में आ गए। ट्रेन के गुजरते ही चीख-पुकार मच गई और चारों तरफ लाशें बिखर गईं।
प्रशासनिक पुष्टि का इंतजार, राहत और बचाव कार्य शुरू
घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय रेलवे प्रशासन, पुलिस बल और एम्बुलेंस की टीमें तुरंत मौके पर पहुंच गईं। स्थानीय सूत्रों के मुताबिक हादसे में अब तक 3 महिलाओं, 1 मासूम बच्चे और 2 पुरुषों समेत कुल 6 लोगों के मारे जाने की पुष्टि हुई है। कई अन्य यात्री गंभीर रूप से घायल हैं, जिन्हें नजदीकी अस्पतालों में भर्ती कराया गया है।
हालांकि, मृतकों और घायलों की सटीक संख्या और उनकी पहचान को लेकर अभी स्थानीय जिला प्रशासन और रेलवे की ओर से आधिकारिक बयान व पुष्टि का इंतजार किया जा रहा है। रेलवे ने मामले की जांच के आदेश दे दिए हैं कि आखिर आग की अफवाह किसने और क्यों फैलाई थी।
