ऑनलाइन मार्केट में भी मुकेश अंबानी की एंट्री! जेप्टो-ब्लिंकिट को टक्कर देने की तैयारी

Lucknow Focus News Desk: भारत के सबसे बड़े उद्योगपतियों में शामिल मुकेश अंबानी अब ऑनलाइन क्विक कॉमर्स सेक्टर में भी बड़ा धमाका करने की तैयारी में हैं। उनकी कंपनी रिलायंस रिटेल, मोर, और स्पेंसर जैसी रिटेल ब्रांड्स के जरिए ई-कॉमर्स की दुनिया में एक नई क्रांति लाने जा रही है। टारगेट है जेप्टो, ब्लिंकिट, स्विगी इंस्टामार्ट और बिगबास्केट जैसे दिग्गज क्विक कॉमर्स प्लेटफॉर्म्स को सीधी चुनौती देना।
क्या है प्लान?
डार्क स्टोर मॉडल को अपनाकर रिलायंस क्विक डिलीवरी को एक नया आयाम देना चाहती है। ये डार्क स्टोर्स छोटे-छोटे वेयरहाउस होते हैं जो 2-3 किलोमीटर के दायरे में 30 मिनट से भी कम समय में ऑर्डर डिलीवर करने की क्षमता रखते हैं।
रिलायंस रिटेल के सीएफओ दिनेश तलुजा ने हाल ही में जानकारी दी कि कंपनी का उद्देश्य तेजी से बढ़ती ऑनलाइन डिमांड को पूरा करना है। इसके लिए वो उन एरिया में डार्क स्टोर खोल रही है जहां ऑर्डर वॉल्यूम ज्यादा है और पारंपरिक स्टोर नेटवर्क तेजी से डिलीवरी नहीं कर पा रहे।
मोर और स्पेंसर भी मैदान में
मोर रिटेल, जो भारत में Amazon Fresh का सबसे बड़ा विक्रेता है, पहले ही 45 नए डार्क स्टोर्स खोल चुका है और अब 100 और खोलने की योजना बना रहा है। वहीं स्पेंसर रिटेल के सीईओ अनुज सिंह ने बताया कि कोलकाता में एक पायलट प्रोजेक्ट की शुरुआत की गई है, जहां 30 मिनट की डिलीवरी के लिए डार्क स्टोर ऑपरेशन टेस्ट किया जा रहा है।
क्यों जरूरी है क्विक कॉमर्स में एंट्री?
NielsenIQ की एक हालिया रिपोर्ट के अनुसार, जनवरी से मार्च 2025 की तिमाही में मेट्रो शहरों में ई-कॉमर्स की हिस्सेदारी में 40% की तेजी आई है। इसके विपरीत पारंपरिक किराना दुकानों में सिर्फ 2.2% और आधुनिक रिटेल में 7.7% की गिरावट दर्ज की गई। इससे यह साफ है कि उपभोक्ता तेजी से ऑनलाइन शॉपिंग की ओर शिफ्ट हो रहे हैं।
क्विक कॉमर्स ने छोटे रिटेलर्स के लिए खतरा खड़ा कर दिया है, और ऐसे में रिलायंस का यह नया कदम न सिर्फ मौजूदा दिग्गजों को टक्कर देगा, बल्कि इस सेक्टर की गति को भी और तेज करेगा।




