लखनऊ में रंगमंच का शंखनाद: ‘मदर सेवा संस्थान’ ने किया एक वर्षीय कोर्स का आगाज, महेश चंद देवा ने सिखाए नुक्कड़ नाटक के गुर

Lucknow Focus News Desk: क्षेत्र की प्रतिष्ठित सामाजिक एवं सांस्कृतिक संस्था ‘मदर सेवा संस्थान’ ने नई पीढ़ी की अभिनय प्रतिभा को निखारने के लिए एक नई और दूरगामी पहल की है। संस्था द्वारा बीकेटी (लखनऊ) स्थित कोटवा में ‘बाल एवं युवा रंगमंच’ के एक वर्षीय विशेष प्रशिक्षण पाठ्यक्रम का गरिमामय शुभारंभ किया गया। इस अनूठे कोर्स का मुख्य उद्देश्य बच्चों में छिपी कला को तराशना और उन्हें रंगमंच के माध्यम से सामाजिक सरोकारों से जोड़ना है।
बिना स्टेज और माइक के भीड़ बांधने की कला
पाठ्यक्रम के उद्घाटन सत्र में मुख्य प्रशिक्षक के रूप में प्रख्यात रंगमंच विशेषज्ञ महेश चंद देवा ने शिरकत की। उन्होंने बच्चों को नुक्कड़ नाटक (Street Play) की गूढ़ विधाओं और तकनीकी बारीकियों से बेहद सरल ढंग से अवगत कराया।
कार्यशाला के दौरान श्री देवा ने बच्चों को सिखाया कि बिना किसी आधुनिक तामझाम, स्टेज या माइक के केवल अपनी आवाज़ की खनक से दर्शकों को कैसे आकर्षित किया जाता है। बुलंद संवाद अदायगी (Dialogue Delivery) और सटीक शारीरिक हाव-भाव (Body Language) के दम पर सड़क पर चलती भीड़ को कैसे बांधा जाता है। अभिनय के दौरान टीम वर्क, सामूहिक तालमेल और तात्कालिक प्रस्तुति (Improvisation) का क्या महत्व है।
NSD और FTII के विशेषज्ञ भी देंगे ट्रेनिंग
इस रचनात्मक कार्यशाला में स्थानीय स्तर पर कुल 15 बच्चों ने पूरे उत्साह और ऊर्जा के साथ हिस्सा लिया। संस्थान के पदाधिकारियों के अनुसार, यह एक वर्षीय कोर्स बच्चों के सर्वांगीण विकास, आत्मविश्वास में वृद्धि और उनके भीतर की झिझक को दूर करने में मील का पत्थर साबित होगा।
महेश चंद देवा ने बताया कि इस पाठ्यक्रम के तहत समय-समय पर राष्ट्रीय नाट्य विद्यालय (NSD) और फिल्म एंड टेलीविजन इंस्टीट्यूट ऑफ इंडिया (FTII) जैसे प्रतिष्ठित संस्थानों के विशेषज्ञ प्रशिक्षक भी बच्चों को रंगमंच की तकनीकियों और अभिनय के सिद्धांतों का पाठ पढ़ाएंगे। इसके साथ ही छात्रों द्वारा तैयार नाटकों का समय-समय पर मंचन भी कराया जाएगा।




