योगी सरकार की किसानों को बड़ी राहत, यूपी में अन्न भंडारण और सहकारी महाविद्यालय की होगी स्थापना

Lucknow Focus News Desk: उत्तर प्रदेश में किसानों को सशक्त बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम उठाते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कई महत्वपूर्ण घोषणाएं की हैं। राज्य में सहकारिता के क्षेत्र में अध्ययन और शोध को बढ़ावा देने के लिए एक राज्य सहकारी महाविद्यालय स्थापित किया जाएगा, साथ ही 35 जिलों में अन्न भंडारण योजना पर भी काम शुरू करने का निर्देश दिया गया है। यह निर्णय केंद्रीय सहकारिता राज्य मंत्री मुरलीधर मोहोल की मौजूदगी में हुई एक समीक्षा बैठक में लिया गया।
सहकारिता महाभियान और अन्न भंडारण
मुख्यमंत्री ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ‘सहकार से समृद्धि’ मंत्र को आगे बढ़ाते हुए 12 सितंबर से 12 अक्टूबर तक ‘एम-पैक्स सदस्यता महाभियान’ को और व्यापक बनाने का निर्देश दिया है। पिछले साल इस अभियान से 30 लाख से अधिक नए सदस्य जुड़े थे, जिनमें बड़ी संख्या में किसान, श्रमिक और पशुपालक शामिल थे। बैठक में बताया गया कि 2017 से अब तक राज्य सरकार ने ₹306.92 करोड़ की सहायता से 16 बंद जिला सहकारी बैंकों को फिर से चालू किया है। इन बैंकों का एनपीए भी काफी कम हुआ है और अब वे लाभ में आ गए हैं। मुख्यमंत्री ने 35 जिलों में अन्न भंडारण के लिए 96 स्थलों की पहचान की है। उन्होंने निर्देश दिया है कि निर्माण कार्य जनवरी 2026 से शुरू होकर अप्रैल 2026 तक पूरा हो जाए, ताकि किसानों को लाभ मिल सके।
डिजिटल और रोजगार के अवसर
6,101 सोसाइटियों में QR/UPI-आधारित भुगतान प्रणाली लागू की गई है। 5,170 एम-पैक्स में कॉमन सर्विस सेंटर (CSC), 6,443 में पीएम किसान समृद्धि केंद्र और 161 में प्रधानमंत्री जन औषधि केंद्र संचालित किए जा रहे हैं। मुख्यमंत्री ने इन केंद्रों को अस्पतालों के पास स्थापित करने और युवाओं के लिए रोजगार के अवसर पैदा करने पर भी जोर दिया। केंद्रीय मंत्री मुरलीधर मोहोल ने उत्तर प्रदेश की इन पहलों की सराहना करते हुए कहा कि राज्य अन्य राज्यों के लिए एक अनुकरणीय मॉडल बन रहा है।




